एक कंबल – एक मुस्कान केंद्रीय माहुरी वैश्य नवयुवक समिति ने राज्यस्तरीय शीत राहत सेवा अभियान का किया शुभारंभ
केंद्रीय माहुरी वैश्य नवयुवक समिति द्वारा ठंड के मौसम में जरूरतमंदों को राहत पहुंचाने के उद्देश्य से राज्यस्तरीय शीत राहत सेवा अभियान “एक कंबल – एक मुस्कान” का शुभारंभ शनिवार, 21 दिसंबर 2025 को गिरिडीह जिले के गंगापुर से किया गया।

एक कंबल – एक मुस्कान केंद्रीय माहुरी वैश्य नवयुवक समिति ने राज्यस्तरीय शीत राहत सेवा अभियान का किया शुभारंभ
गिरिडीह। मनोज कुमार।
गिरिडीह : केंद्रीय माहुरी वैश्य नवयुवक समिति द्वारा ठंड के मौसम में जरूरतमंदों को राहत पहुंचाने के उद्देश्य से राज्यस्तरीय शीत राहत सेवा अभियान “एक कंबल – एक मुस्कान” का शुभारंभ शनिवार, 21 दिसंबर 2025 को गिरिडीह जिले के गंगापुर से किया गया।
अभियान के प्रथम चरण में गंगापुर बस्ती के लगभग 25 जरूरतमंद लोगों के बीच कंबलों का वितरण किया गया।

कार्यक्रम का उद्घाटन समिति के केंद्रीय अध्यक्ष संजीत तर्वे ने किया। इस अवसर पर उपसंगठन मंत्री अमर सेठ, केंद्रीय सदस्य आदिव्य एकघरा एवं मीडिया प्रभारी अभय कंधवे विशेष रूप से उपस्थित रहे।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अध्यक्ष संजीत तर्वे ने कहा कि यह अभियान केवल एक दिन या एक स्थान तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक राज्यस्तरीय सेवा अभियान है, जिसके अंतर्गत संगठन के सभी मंडलों में कंबल वितरण कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, ताकि ठंड के मौसम में अधिक से अधिक जरूरतमंदों तक सहायता पहुंचाई जा सके।

उन्होंने संगठन के सभी मंडलों के पदाधिकारियों एवं सदस्यों से अपील की कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में इस अभियान को सक्रिय रूप से आगे बढ़ाएं और मानव सेवा में योगदान दें। इस अभियान की सफल शुरुआत में केंद्रीय नेतृत्व का विशेष योगदान रहा।
अभियान को दिशा देने एवं प्रभावी रूप से प्रारंभ करने में समिति के उपाध्यक्ष साहिल एकघरा, हरिमोहन कंधवे, रौनक बरबिघैया, प्रतीक बड़गवे, सचिव अतुल सेठ, संगठन मंत्री निर्णय लोहनी तथा कोषाध्यक्ष नितेश बरबिघैया का महत्वपूर्ण सहयोग एवं मार्गदर्शन प्राप्त हुआ।

कार्यक्रम के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि एक कंबल जैसी छोटी पहल भी किसी जरूरतमंद के लिए पूरी सर्दी की बड़ी राहत बन सकती है। स्थानीय लोगों ने इस मानवीय पहल की सराहना करते हुए संगठन के प्रयासों की प्रशंसा की।
बताया गया कि “एक कंबल – एक मुस्कान” अभियान आने वाले दिनों में राज्य के विभिन्न मंडलों में संचालित किया जाएगा, जिससे बड़ी संख्या में जरूरतमंदों को ठंड से राहत मिलने की उम्मीद है।



