Imran Khan News: भारत छोड़ने के नोटिस को इमरान खान ने बॉम्बे हाई कोर्ट में दी चुनौती, बोले- आदेश मनमाना और गलत
आमिर खान के भांजे और बॉलीवुड अभिनेता इमरान खान ने भारत छोड़ने के नोटिस के खिलाफ बॉम्बे हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।

Imran Khan News: भारत छोड़ने के नोटिस को इमरान खान ने बॉम्बे हाई कोर्ट में दी चुनौती, बोले- आदेश मनमाना और गलत
Imran Khan Petition: आमिर खान के भांजे और बॉलीवुड अभिनेता इमरान खान ने भारत छोड़ने के नोटिस के खिलाफ बॉम्बे हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। अभिनेता ने विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण कार्यालय (FRRO) के नोटिस को मनमाना और गलत बताते हुए चुनौती दी है। इमरान खान का कहना है कि उन्हें अपनी बात रखने का मौका दिए बिना भारत छोड़ने का आदेश दिया गया, जो उनके मौलिक अधिकारों और प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है।
बॉलीवुड अभिनेता इमरान खान एक बार फिर चर्चा में हैं। इस बार मामला उनकी फिल्मों या अभिनय से नहीं, बल्कि भारत छोड़ने के नोटिस को लेकर है। आमिर खान के भांजे इमरान खान को 28 अक्टूबर तक भारत छोड़ने के लिए कहा गया था। अब अभिनेता ने इस आदेश के खिलाफ कानूनी लड़ाई शुरू करते हुए बॉम्बे हाई कोर्ट में याचिका दायर की है।
‘लक’ फिल्म में नजर आ चुके इमरान खान ने अपनी याचिका में संबंधित अधिकारियों के फैसले पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने नोटिस को चुनौती देते हुए अदालत से तत्काल हस्तक्षेप करने और इस आदेश पर रोक लगाने की मांग की है। अभिनेता की दलील है कि बिना ठोस कारण बताए और उनका पक्ष सुने बिना इस तरह का निर्देश देना उचित नहीं है।
Imran Khan Bombay High Court: FRRO के नोटिस को बताया मनमाना
इमरान खान ने बॉम्बे हाई कोर्ट में दाखिल अपनी याचिका में विदेशी क्षेत्रीय पंजीकरण अधिकारी (Foreigners Regional Registration Office यानी FRRO) की ओर से जारी नोटिस को मनमाना और गलत बताया है। उनका कहना है कि उन्हें भारत छोड़ने का निर्देश देने से पहले न तो पर्याप्त कारण बताए गए और न ही अपना पक्ष रखने का उचित अवसर दिया गया।
याचिका में अभिनेता ने प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का हवाला देते हुए कहा है कि किसी व्यक्ति के खिलाफ इस तरह का निर्णय लेने से पहले उसकी बात सुनी जानी चाहिए। इमरान के मुताबिक, उन्हें सुनवाई का अवसर दिए बिना भारत छोड़ने के लिए कहना न्याय के बुनियादी सिद्धांतों के विपरीत है।
अभिनेता ने अदालत में अपने पक्ष को मजबूत करने के लिए भारतीय संविधान के अनुच्छेद 14 और अनुच्छेद 21 का भी उल्लेख किया है। अब इस मामले में हाई कोर्ट की ओर से होने वाली सुनवाई और संभावित आदेश पर नजर रहेगी।
Article 14 and 21: इमरान खान ने मौलिक अधिकारों का दिया हवाला
इमरान खान की याचिका में संविधान के अनुच्छेद 14 और अनुच्छेद 21 का विशेष रूप से उल्लेख किया गया है। अनुच्छेद 14 कानून के समक्ष समानता और कानूनों के समान संरक्षण से जुड़ा है, जबकि अनुच्छेद 21 जीवन और व्यक्तिगत स्वतंत्रता के संरक्षण की गारंटी देता है।
अभिनेता का तर्क है कि भारत छोड़ने का नोटिस जारी करने से पहले उन्हें अपनी बात रखने का अवसर नहीं दिया गया। उनका दावा है कि इस प्रक्रिया से उनके संवैधानिक अधिकार प्रभावित होते हैं।
इमरान खान ने अदालत से अनुरोध किया है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल हस्तक्षेप किया जाए और नोटिस पर रोक लगाने के संबंध में उचित आदेश पारित किया जाए। हालांकि, याचिका में उठाए गए सवालों पर अंतिम फैसला अदालत की सुनवाई और उसके आदेश पर निर्भर करेगा।
Imran Khan India Stay: दो साल की उम्र से भारत में रहने का दिया हवाला
अपनी याचिका में इमरान खान ने भारत में लंबे समय से रहने की बात भी उठाई है। अभिनेता के अनुसार, वह महज दो साल की उम्र से भारत में रह रहे हैं। ऐसे में उन्हें केवल दो सप्ताह के भीतर देश छोड़ने का निर्देश दिया जाना उनके लिए बड़ा मुद्दा है।
याचिका MZM लीगल एलएलपी और उनके वकीलों के माध्यम से दाखिल की गई है। इसमें नोटिस पर रोक लगाने के लिए बॉम्बे हाई कोर्ट से तत्काल हस्तक्षेप की मांग की गई है।
इमरान खान के मामले में उनकी नागरिकता और भारत में रहने की कानूनी स्थिति महत्वपूर्ण पहलू हैं। उपलब्ध विवरण के अनुसार, अभिनेता के पास अमेरिकी नागरिकता है और वह भारतीय नागरिक नहीं हैं। इसी पृष्ठभूमि में विरोध प्रदर्शन में उनकी भागीदारी के बाद उन्हें भारत छोड़ने का नोटिस जारी किए जाने का मामला सामने आया।
Imran Khan Notice Case: क्या है पूरा मामला?
इस पूरे घटनाक्रम की शुरुआत मुंबई में हुए एंटी-सीईसी विरोध प्रदर्शन से जुड़ी है। खबर के मुताबिक, 10 अक्टूबर को इमरान खान मुंबई में मुख्य निर्वाचन आयुक्त (CEC) के खिलाफ आयोजित विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए थे। इस दौरान उन्हें हिरासत में लिया गया था।
इसके चार दिन बाद, 14 अक्टूबर को अभिनेता को भारत छोड़ने का नोटिस भेजा गया। उन्हें 28 अक्टूबर तक देश छोड़ने के लिए कहा गया था। रिपोर्ट के अनुसार, नोटिस जारी किए जाने के पीछे उनकी नागरिकता और विरोध प्रदर्शन में भागीदारी का मामला सामने आया।
इमरान खान अमेरिकी नागरिक हैं और भारतीय नागरिकता नहीं रखते। ऐसे में अधिकारियों की ओर से जारी नोटिस को लेकर विवाद खड़ा हो गया। अभिनेता ने इस कार्रवाई को चुनौती देते हुए अब अदालत का रुख किया है।
Imran Khan Latest News: अब बॉम्बे हाई कोर्ट के रुख पर नजर
भारत छोड़ने के नोटिस के खिलाफ इमरान खान की याचिका दाखिल होने के बाद अब मामले में बॉम्बे हाई कोर्ट की कार्रवाई अहम होगी। अभिनेता ने नोटिस को मनमाना बताते हुए उस पर रोक लगाने की मांग की है। साथ ही, उन्होंने सुनवाई का अवसर नहीं दिए जाने और अपने संवैधानिक अधिकारों से जुड़े सवाल उठाए हैं।
फिलहाल, याचिका में लगाए गए आरोप अभिनेता का पक्ष हैं। नोटिस जारी करने वाले अधिकारियों का पक्ष और अदालत का अंतिम निर्णय इस मामले की आगे की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण होंगे। इस घटनाक्रम ने अभिनेता इमरान खान की नागरिकता, भारत में उनके निवास और विरोध प्रदर्शन में भाग लेने के बाद जारी किए गए नोटिस को लेकर बहस तेज कर दी है।

