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निरसा गुरुदास चटर्जी फाउंडेशन के संस्थापक सदस्यों में से एक, 65 वर्षीय कामरेड लखन सिंह जी का निधन हो गया । उनका देहांत इलाज के दौरान गोड्डा में हुआ।

निरसा गुरुदास चटर्जी फाउंडेशन के मीडिया प्रभारी प्रभु सिंह ने कहा कि पार्थिव शरीर उनके निवास स्थान खुशरी लाया गया जहां अंतिम दर्शन के लिए सभी साथी एवं शुभचिंतक पहुंचे

निरसा गुरुदास चटर्जी फाउंडेशन के संस्थापक सदस्यों में से एक, 65 वर्षीय कामरेड लखन सिंह जी का निधन हो गया । उनका देहांत इलाज के दौरान गोड्डा में हुआ।

संवादाता : मलय गोप

निरसा : गुरुदास चटर्जी फाउंडेशन के मीडिया प्रभारी प्रभु सिंह ने कहा कि पार्थिव शरीर उनके निवास स्थान खुशरी लाया गया जहां अंतिम दर्शन के लिए सभी साथी एवं शुभचिंतक पहुंचेकामरेड लखन सिंह जी का यह आकस्मिक निधन फाउंडेशन परिवार में गहन शोक की लहर पैदा कर गया है। वे एक समर्पित क्रांतिकारी, जनवादी योद्धा और शहीद गुरुदास चटर्जी के आदर्शों के सच्चे उत्तराधिकारी थे।

उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन मजदूरों, किसानों और शोषित-वंचित वर्गों के अधिकारों के लिए संघर्ष में समर्पित कर दिया। भ्रष्टाचार, अन्याय और शोषण के विरुद्ध उन्होंने कभी समझौता नहीं किया। स्वास्थ्य, शिक्षा, निशुल्क नेत्र जांच और ऑपरेशन, ब्लड डोनेशन कैंप के अलावा अनेक सामाजिक और संस्कृति तथा सामाजिक न्याय के क्षेत्र में फाउंडेशन की हर गतिविधि में उनकी सक्रिय एवं उत्साही भागीदारी रही।

उनकी सादगी, निष्ठा, दृढ़ संकल्प और जनसेवा की भावना ने हजारों कार्यकर्ताओं को प्रेरित किया। गुरुदास चटर्जी फाउंडेशन के सह मीडिया प्रभारी मनु सिंह ने कहा कि वे फाउंडेशन की नींव के उन मजबूत स्तंभों में से एक थे, जिन्होंने शहीद गुरुदास चटर्जी के बलिदान को सदा जीवंत रखने का संकल्प लिया था।

आज इस दुखद क्षण में हम उनके निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हैं, साथ ही यह भी याद रखते हैं कि उनका संघर्ष, उनकी विचारधारा और उनके आदर्श अमर हैं। अपने पीछे भरा पूरा परिवार दो पुत्र और एक पुत्री छोड़ गये
उनके आवास में शोक संवेदना अरूप चटर्जी आगम राम, टूटून मुखर्जी, हरेंद्र सिंह,बंसी सिंह, प्रभु सिंह,,ललन सिंह,, मन्नू सिंह पोमिल सिंह देवेंद्र मिश्रा मदन दे, निरंजन गौराई, हरहरआर्य, सपन गौराई राम जी यादव,रोशन मिश्रा निवास सिंह दीपक मोदी, शेख अतिकुर रहमान इत्यादि उपस्थित थे

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