आईलेक्स पब्लिक स्कूल प्लस टू , हर्षोल्लास के साथ विद्यालय प्रांगण में शनिवार को रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम
आईलेक्स पब्लिक स्कूल प्लस टू , हर्षोल्लास के साथ विद्यालय प्रांगण में शनिवार को रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम

आईलेक्स पब्लिक स्कूल प्लस टू , हर्षोल्लास के साथ विद्यालय प्रांगण में शनिवार को रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम
बरही:शोएब अख्तर
हजारीबाग/बरही:पंचमाधव स्थित आईलेक्स पब्लिक स्कूल प्लस टू बरही हजारीबाग में बड़े ही हर्षोल्लास के साथ विद्यालय प्रांगण में शनिवार को रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम के साथ दीपावली मनाया गया। विद्यालय के बच्चों द्वारा मनमोहक रंगोली, दीपक, दीपावली पर निबंध, मिट्टी से निर्मित मूर्ति तथा मिट्टी से निर्मित घर सहित अन्य चीजें बनाकर बच्चों ने अपनी कला का प्रदर्शन किया। बच्चों ने इस कला प्रदर्शन में किसी भी यांत्रिक उपकरणों का मदद नहीं लिया, बल्कि वह स्वयं ही अपने हाथों से चीजों को बनाए। प्राचार्य शैलेश कुमार ने बच्चों को दीपावली के बारे में बताते हुए कहा कि दीपावली एक ऐसा त्योहार है, जिसमें अंधेरे पर उजाले की जीत को दिखाया जाता है। इस त्योहार को हम बुराई पर अच्छाई की जीत के नाम से भी जानते हैं। साथ ही यह त्योहार इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि इसी दिन श्री रामचंद्र जी 14 साल के वनवास, रावण मृत्यु तथा सीता माता और लक्ष्मण जी को लेकर अयोध्या आए थे।

सीता राम और लक्ष्मण के आगमन की खुशी में भी इस त्योहार को मनाते है।दीपावली प्राचीन काल से चली आ रही है और जबतक यह पृथ्वी है तब तक यह एक पारंपारिक और पवित्र त्योहार के रूप में बड़े ही धूमधाम से मनाया जाता रहेगा। इस त्योहार में लोगो को सारे ईर्ष्या क्रोध को भूलकर मित्रता एवं प्यार बढ़ाना चाहिए। इस दिन सभी को ईश्वर की वंदना करनी चाहिए और यह प्रार्थना करनी चाहिए कि हम अपने कर्मों से सदैव उजाला फैलाएं। जिस प्रकार दीपावली में दीया अंधेरे को दूर करता है, उसी प्रकार हम भी समाज में हो रहे हैं अंधेरे को दूर कर सके। प्राचार्य शैलेश कुमार ने यह भी कहा कि दीपावली में जितना हो सके, कम प्रदूषण फैलाना है क्योंकि दीपावली में बाजार में आए पटाखे बम इत्यादि से वातावरण को काफी क्षति पहुंचती है, इसलिए जितना हो सके वातावरण को शुद्ध बनाये रखना है। पटाखे कम जलाएं, मोमबत्तियों का प्रयोग कम करें, दीपक का प्रयोग ज्यादा करें तथा बाजार में बिक रहे मिठाइयां एवं अन्य खाद्य पदार्थ का सेवन कम करें। जहां जितना हो, घर में ही मिठाइयों को बनाकर भोग लगाएं और सेवन करें। अपने से बड़ों का आदर करें, छोटो के साथ मिलकर प्रेम पूर्वक दीपावली का आनंद ले और किसी भी अप्रिय घटनाओं को अंजाम ना दें। सुरक्षित रहें और अपने परिवार के साथ दीपावली का आनंद ले। इस कार्यक्रम में भाग लेने वाले बच्चे इस प्रकार हैं पायल , सुमन , परी ,अंजलि, सौरभ, श्रवण, खुशी, सुधा, गौतम, अंश, प्रियांशु , विशाल , धीरज, सदाफ असलम, शैली, जिया, संध्या, अमन, पल्लवी, रागिनी, शालिनी, रिहान राज, अलीफा , विद्या, शिव इत्यादि।
कार्यक्रम को और भी आकर्षक बनाने में शिक्षकों ने भी बढ़-चढ़कर कर भाग लिया। शिक्षकों ने भी दीपावली के अवसर पर बच्चों को तरह-तरह की रंगोली मिट्टी से निर्मित चीजों को बनाने में सहयोग किया। शिक्षकों ने बच्चों का मार्गदर्शन किया और जीवन में सदैव दीपक की तरह उजाला फैलाने का संदेश दिया। कार्यक्रम का समापन भूषण चंद्रा के द्वारा किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित शिक्षकों का नाम इस प्रकार हैदीपक पासवान, अंजू देवी , रविंद्र कुमार , इमरान अंसारी , नरेश कुमार, पप्पू यादव, पूजा कुमारी, अंजलि केसरी, स्वाति वर्मा, संजीव कुमार, शाहरुख खान, आकाश यादव, प्रकाश कुमार , पूनम देवी, इरम अंसारी, निधि पाठक, आयशा खातून, प्रियंका कुमारी, स्वाति राणा, पम्मी कुमारी, निम्मी कुमारी, नेहा कुमारी इत्यादि




