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“हर थाली में बिहारी तरकारी” अभियान को क्रेता-विक्रेता सम्मेलन से मिला राष्ट्रीय विस्तार l

दीपनारायण सिंह क्षेत्रीय सहकारी प्रबंध संस्थान, शास्त्रीनगर, पटना में आज सहकारिता विभाग के तत्वावधान में बिहार राज्य सब्जी प्रसंस्करण एवं विपणन सहकारी फेडरेशन लिमिटेड (वेजफेड) द्वारा आयोजित राज्यस्तरीय क्रेता विक्रेता सम्मेलन का उद्घाटन बिहार सरकार के माननीय सहकारिता मंत्री श्री रामकृपाल यादव ने किया।

“हर थाली में बिहारी तरकारी” अभियान को क्रेता-विक्रेता सम्मेलन से मिला राष्ट्रीय विस्तार l

“हर थाली में बिहारी तरकारी” केवल एक अभियान नहीं, बल्कि बिहार के किसानों को राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय बाजार से जोड़ने का व्यापक विजन है। राज्य सरकार किसानों को आधुनिक विपणन प्रणाली, प्रसंस्करण सुविधाओं एवं बड़ी कंपनियों से सीधे जोड़ने की दिशा में लगातार कार्य कर रही है:-
माननीय मंत्री, सहकारिता विभाग

क्रेता-विक्रेता सम्मेलन में कंपनियों एवं सब्जी उत्पादक संघों के बीच हुए महत्वपूर्ण समझौते

लगभग 100 करोड़ रूपये का MOU हस्ताक्षर

किसानों को संस्थागत बाजार से जोड़ने की दिशा में सहकारिता विभाग की बड़ी पहल

पटना : आज दिनांक-25.05.2026 को दीपनारायण सिंह क्षेत्रीय सहकारी प्रबंध संस्थान, शास्त्रीनगर, पटना में आज सहकारिता विभाग के तत्वावधान में बिहार राज्य सब्जी प्रसंस्करण एवं विपणन सहकारी फेडरेशन लिमिटेड (वेजफेड) द्वारा आयोजित राज्यस्तरीय क्रेता विक्रेता सम्मेलन का उद्घाटन बिहार सरकार के माननीय सहकारिता मंत्री श्री रामकृपाल यादव ने किया।

यह सम्मेलन बिहार के सब्जी उत्पादक किसानों को संगठित बाजार व्यवस्था से जोड़ने, किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य दिलाने तथा राज्य में संस्थागत सब्जी विपणन व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।

इस अवसर पर माननीय मंत्री श्री रामकृपाल यादव ने कहा कि “हर थाली में बिहारी तरकारी” केवल एक अभियान नहीं, बल्कि बिहार के किसानों को राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय बाजार से जोड़ने का व्यापक विजन है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार किसानों को आधुनिक विपणन प्रणाली, प्रसंस्करण सुविधाओं एवं बड़ी कंपनियों से सीधे जोड़ने की दिशा में लगातार कार्य कर रही है। माननीय प्रधानमंत्री का सपना 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने का तब-तक पुरा नहीं हो सकता जब-तक बिहार एक विकसित राज्य न बने। बिहार विकसित राज्य तभी बन सकता है जब बिहार के किसान सशक्त हो समृद्ध हों। बाजार आधारित खेती को प्रोत्साहन देकर कृषकों की आय में वृद्धि की जा सकती है।

सहकारिता मॉडल के माध्यम से किसानों की सामूहिक शक्ति को बढ़ावा देकर उन्हें संगठित बाजार उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे उनकी आय में वृद्धि सुनिश्चित हो सके। वेजफेड के PVCS माध्यम से किसानो को सीधे बाजार से जोड़कर उनके सब्जी उत्पादों को बेहतर मूल्य दिलाने का कार्य कर रहा है। प्राथमिक सब्जी उत्पादक सहकारी समिति (PVCS) को उत्पादन विपणन एग्री बिजनेस के माध्यम से जोडकर राज्य के ग्रामीण जनसंख्या को रोजगार के असीम अवसर उपलब्ध कराया जा सकता है।

माननीय मंत्री ने कहा कि वेजफेड किसानों को गुणवत्तापूर्ण बीज, आधुनिक खेती तकनीक, प्रसंस्करण सुविधाओं एवं विपणन व्यवस्था से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह पहल किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के साथ-साथ आत्मनिर्भर बिहार के निर्माण में भी महत्वपूर्ण योगदान देगी।

 

इस अवसर पर सचिव सहकारिता विभाग श्री धर्मेन्द्र सिंह ने कहा कि सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है कि PVCS राज्य के हर गाँव हर प्रखण्ड तक पहुँचे एवं सहकारिता के मॉडल के आधार पर सब्जी उत्पादक किसानों को बाजार से जोड़कर उन्हें उनके उत्पादों का उचित मूल्य दिलाया जाय। क्रेता-विक्रेता का सम्मेलन आपसी विश्वास को और बढ़ावा देकर किसानों के सब्ती उत्पादों को बेहतर बाजार एवं मूल्य उपलब्ध कराने में एक मील का पत्थर साबित होगा।

सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य बिहार के सब्जी उत्पादक किसानों को PVCS एवं सब्जी संघों के माध्यम से होटल, रिटेल श्रृंखलाओं, प्रसंस्करण इकाइयों एवं अन्य संस्थागत खरीदारों से सीधे जोड़ना है, ताकि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य प्राप्त हो सके तथा बिचौलियों की भूमिका समाप्त हो।

वर्तमान में वेजफेड के माध्यम से वैशाली जिले के लालगंज स्थित Hindustan Unilever इकाई, Mother Dairy सहित विभिन्न संस्थानों को सब्जियों की नियमित आपूर्ति की जा रही है। यह मॉडल किसानों के लिए संस्थागत विपणन की सफल व्यवस्था के रूप में उभर रहा है।

सम्मेलन में HUL, Nature Frost, Technico, Hindustan Unilever, jain Irrigation, Kivisa Agro, Prakashsri Agro Tech सहित कई कंपनियों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। इसके अतिरिक्त राज्य के आठों सब्जी संघ हरित, तिरहुत, मिथिला, मगध, भागलपुर, मुंगेर, सारण एवं शाहाबाद के अध्यक्षों, मुख्य कार्यपालक पदाधिकारियों एवं प्रगतिशील PVCS प्रतिनिधियों ने सहभागिता की।

कार्यक्रम के दौरान विभिन्न सब्जी संघों द्वारा अपनी उत्पादन क्षमता, आपूर्ति व्यवस्था एवं विपणन नेटवर्क का प्रस्तुतीकरण किया गया। वहीं विभिन्न कंपनियों द्वारा गुणवत्ता मानक, लॉजिस्टिक्स, सप्लाई चेन एवं खरीद प्रक्रियाओं से संबंधित आवश्यकताओं की जानकारी साझा की गई। विभिन्न क्रेताओं द्वारा बताया गया की राज्य अंतर्गत 1,00,000 MT से अधिक सब्जी की माँग है एवं 50,000 MT सब्जी की आपूर्ति की जा रही है, जिसकी PVCS के सब्जी उत्पादकों के माध्यम से आपूर्ति के जा सकती है।

सम्मेलन में खरीदार कंपनियों एवं सब्जी उत्पादक संघों के बीच विस्तृत व्यवसायिक बैठक आयोजित की गई, जिसमें दीर्घकालिक व्यापारिक साझेदारी, भंडारण, परिवहन एवं आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत करने पर चर्चा हुई।

इस दौरान विभिन्न कंपनियों एवं सब्जी उत्पादक संघों के बीच लगभग 100 करोड़ रूपये के कई महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) एवं कार्यादेश (Work Order) संपन्न हुए, जो बिहार के किसानों के लिए संस्थागत बाजार उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

हरित सब्जी संघ ने Nature Frost एवं Harilal के साथ समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए। तिरहुत सब्जी संघ को Nature Frost की ओर से कार्यादेश प्रदान किया गया, जबकि Mandi Mitra एवं Sreja Food के साथ भी समझौता ज्ञापन संपन्न हुआ।

इन समझौतों के माध्यम से बिहार में उत्पादित सब्जियों की संस्थागत खरीद, प्रसंस्करण एवं विपणन को नई गति मिलने की संभावना है। साथ ही किसानों को राष्ट्रीय स्तर की कंपनियों से सीधे जुड़ने का अवसर प्राप्त होगा, जिससे उनकी आय वृद्धि एवं बाजार तक सीधी पहुंच सुनिश्चित हो सकेगी।

कार्यक्रम में सहकारिता विभाग के सचिव श्री धर्मेन्द्र सिंह, निबंधक, सहयोग समितियाँ, बिहार, पटना श्री रजनीश कुमार सिंह, अपर सचिव श्री अभय कुमार सिंह, वेजफेड के प्रबंध निदेशक डॉ. गगन, विभिन्न सब्जी संघों के अध्यक्ष, मुख्य कार्यपालक पदाधिकारी, PVCS प्रतिनिधि एवं सहकारिता विभाग के अन्य पदाधिकारी उपस्थित रहे।

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