बैंक ऑफ इंडिया, हजारीबाग अंचल कार्यालय में सतर्कता जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन
हजारीबाग बैंक ऑफ इंडिया, हजारीबाग अंचल कार्यालय द्वारा सतर्कता जागरूकता अभियान के अंतर्गत “Probity for Prosperity – सत्यनिष्ठा से समृद्धि” थीम पर विभिन्न जागरूकता कार्यक्रमों का उत्साहपूर्वक आयोजन किया गया।

बैंक ऑफ इंडिया, हजारीबाग अंचल कार्यालय में सतर्कता जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन
‘सत्यनिष्ठा से समृद्धि’ (Probity for Prosperity) थीम के तहत विभिन्न जागरूकता गतिविधियां आयोजित
हजारीबाग : बैंक ऑफ इंडिया, हजारीबाग अंचल कार्यालय द्वारा सतर्कता जागरूकता अभियान के अंतर्गत “Probity for Prosperity – सत्यनिष्ठा से समृद्धि” थीम पर विभिन्न जागरूकता कार्यक्रमों का उत्साहपूर्वक आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य कार्यस्थल एवं समाज में ईमानदारी, पारदर्शिता, जवाबदेही, नैतिकता तथा भ्रष्टाचार के प्रति शून्य सहिष्णुता की भावना को प्रोत्साहित करना था।

इस अवसर पर बैंक ऑफ इंडिया के अंचल प्रबंधक श्री नरेंद्र दयानंद कुमार, उप अंचल प्रबंधक श्री एल.एन. डागरा, उप अंचल प्रबंधक श्री के.सी. साहू, एजीएम SMECC श्री अशोक कुमार तथा सतर्कता अधिकारी श्री हिमांशु गर्ग की गरिमामयी उपस्थिति रही। कार्यक्रम में अंचल कार्यालय, SMECC, RBC, ZCOD एवं साकेतपुरी शाखा के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया।
कार्यक्रम के दौरान जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से कई गतिविधियां आयोजित की गईं। इनमें पदयात्रा (वॉकाथॉन), मानव श्रृंखला निर्माण, पौधारोपण, गुब्बारा विमोचन तथा सतर्कता विषय पर रंगोली प्रतियोगिता प्रमुख रहीं।
पदयात्रा (वॉकाथॉन) के माध्यम से बैंक के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने शहर में जागरूकता रैली निकालकर आम नागरिकों को सत्यनिष्ठा, ईमानदारी, पारदर्शिता एवं भ्रष्टाचार मुक्त समाज के महत्व के प्रति जागरूक किया। इस दौरान सतर्कता संबंधी संदेशों और नारों के माध्यम से लोगों को अपने दैनिक जीवन एवं कार्यक्षेत्र में नैतिक मूल्यों को अपनाने तथा भ्रष्टाचार के विरुद्ध सजग रहने का आह्वान किया गया।
कार्यक्रम का विशेष आकर्षण कर्मचारियों द्वारा एकजुट होकर अंग्रेजी अक्षर ‘V’ (Vigilance) का निर्माण करना रहा, जो सतर्कता, एकता एवं भ्रष्टाचार मुक्त व्यवस्था के प्रति सामूहिक प्रतिबद्धता का प्रतीक बना। इसके अतिरिक्त, कर्मचारियों ने सतर्कता एवं ईमानदारी से संबंधित संदेशों और नारों वाली तख्तियां प्रदर्शित कर जागरूकता का संदेश दिया।
रंगोली प्रतियोगिता के माध्यम से भी सत्यनिष्ठा, नैतिक मूल्यों एवं पारदर्शिता का संदेश रचनात्मक ढंग से प्रस्तुत किया गया। वहीं पौधारोपण गतिविधि के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण एवं सतत विकास के प्रति जिम्मेदारी का संकल्प लिया गया। गुब्बारा विमोचन के माध्यम से सत्यनिष्ठा एवं भ्रष्टाचार मुक्त समाज के निर्माण के सामूहिक संकल्प को प्रतीकात्मक रूप से अभिव्यक्त किया गया।
इस अवसर पर अधिकारियों ने अपने संदेश में कहा कि सत्यनिष्ठा, पारदर्शिता और जवाबदेही किसी भी संस्थान की विश्वसनीयता एवं राष्ट्र की समृद्धि के मूल आधार हैं। सतर्कता केवल एक औपचारिक गतिविधि नहीं, बल्कि प्रत्येक कर्मचारी के दैनिक कार्य व्यवहार एवं जीवन का अभिन्न हिस्सा होनी चाहिए।
कार्यक्रम में उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने अपने कार्यों में ईमानदारी, निष्पक्षता और उच्च नैतिक मानकों को बनाए रखने तथा भ्रष्टाचार मुक्त एवं पारदर्शी व्यवस्था के निर्माण में सक्रिय योगदान देने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम का संदेश रहा – “सत्यनिष्ठा से समृद्धि, ईमानदारी से उज्ज्वल भविष्य।”




