बुजुर्गों के आंगन में खुशियों के दीप जलाने पहुंचा हजारीबाग यूथ विंग, हर वर्ष की तरह इस बार भी बुजुर्गों संग मनाई दीपावली
दीपावली का पर्व जहां हर घर में रोशनी और खुशियों का संदेश लेकर आता है, वहीं कुछ लोग ऐसे भी होते हैं जिनके लिए अपनों का साथ और कुछ आत्मीय पल ही सबसे बड़ा उपहार होता है।

बुजुर्गों के आंगन में खुशियों के दीप जलाने पहुंचा हजारीबाग यूथ विंग, हर वर्ष की तरह इस बार भी बुजुर्गों संग मनाई दीपावली
ओल्ड एज होम में दीप प्रज्वलित कर बांटी खुशियां, गर्म कपड़ों से लेकर दैनिक जरूरतों की सामग्री तक बुजुर्गों को किया भेंट, आत्मीयता देख भावुक हुए बुजुर्ग
बुजुर्गों के चेहरे पर मुस्कान लाना और उनके साथ खुशियां बांटना ही दीपावली की सच्ची सार्थकता है : चंद्र प्रकाश जैन
सेवा और अपनत्व की परंपरा को आगे बढ़ाते हुए संस्था का संकल्प है कि हर पर्व की खुशियां समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचें : करण जायसवाल
हजारीबाग। दीपावली का पर्व जहां हर घर में रोशनी और खुशियों का संदेश लेकर आता है, वहीं कुछ लोग ऐसे भी होते हैं जिनके लिए अपनों का साथ और कुछ आत्मीय पल ही सबसे बड़ा उपहार होता है। इसी संवेदना और सामाजिक जिम्मेदारी को अपनी सेवा परंपरा का हिस्सा बनाते हुए हजारीबाग यूथ विंग ने इस वर्ष भी दीपावली का पर्व ओल्ड एज होम के बुजुर्गों के साथ मनाया। संस्था द्वारा प्रत्येक वर्ष दीपावली के अवसर पर बुजुर्गों के बीच पहुंचकर उनके साथ त्योहार मनाने की परंपरा निभाई जाती है। इसी क्रम में बुधवार को एसपी कोठी स्थित ओल्ड एज होम में दीपोत्सव का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम में संस्था के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने बुजुर्गों के बीच पहुंचकर उन्हें दीपावली की शुभकामनाएं दीं और उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। इसके बाद सभी ने मिलकर दीप प्रज्वलित किया और रोशनी के इस पर्व को बुजुर्गों के साथ खुशियों एवं अपनत्व के वातावरण में मनाया। कार्यक्रम का संचालन संस्था के सचिव रितेश खण्डेलवाल ने किया। इस अवसर पर हजारीबाग यूथ विंग की ओर से बुजुर्गों को ऊनी शॉल, ऊनी मोजे, हॉर्लिक्स, बिस्कुट, मिक्सचर, भुजिया, नहाने एवं कपड़े धोने का साबुन, तेल और टूथपेस्ट सहित दैनिक उपयोग की आवश्यक सामग्री भेंट की गई।

वहीं, उनके स्वास्थ्य एवं जरूरतों का ध्यान रखते हुए दूध, ब्रेड और ताजे फल भी उपलब्ध कराए गए। इसके साथ ही बुजुर्गों के बीच मिठाई स्वरूप सोनपापड़ी का भी वितरण किया गया। सभी सामग्रियों को सुंदर ढंग से टोकरियों में सजाकर बुजुर्गों को ससम्मान भेंट किया गया। इसके बाद दीपों की जगमगाहट और फुलझड़ियों की रोशनी ने पूरे परिसर को उत्सवमय बना दिया। संस्था के सदस्यों का स्नेह और अपनत्व पाकर बुजुर्गों के चेहरे खिल उठे। इस दौरान कई बुजुर्ग भावुक भी हो गए।

उन्होंने कहा कि संस्था के सदस्यों के साथ दीपावली मनाकर उन्हें ऐसा महसूस हुआ, मानो उनके अपने बच्चे और परिवार के सदस्य उनके बीच आ गए हों। संस्था के संरक्षक चंद्र प्रकाश जैन ने कहा कि दीपावली का वास्तविक आनंद तभी है, जब हमारी खुशियों में समाज के उन लोगों को भी शामिल किया जाए, जिन्हें स्नेह और साथ की आवश्यकता है।
बुजुर्गों के चेहरों पर मुस्कान लाना और उनके साथ त्योहार की खुशियां बांटना ही दीपावली की सच्ची सार्थकता है। वहीं अध्यक्ष करण जायसवाल ने कहा कि हजारीबाग यूथ विंग के लिए बुजुर्गों के साथ दीपावली मनाना केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि वर्षों से निभाई जा रही सेवा और संस्कारों की परंपरा है। बुजुर्गों का सम्मान करना, उनके साथ समय बिताना और उन्हें परिवार जैसा अपनत्व देना हम सभी का सामाजिक दायित्व है।
हमारी कोशिश रहती है कि त्योहार के अवसर पर कोई भी व्यक्ति खुद को अकेला महसूस न करे। 12 नवंबर को छठ महापर्व के अवसर पर भी सेवा कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है, जिसके तहत छठ व्रतियों के बीच मात्र 11 रुपये में सूप, नारियल सहित 21 प्रकार की पूजन सामग्री उपलब्ध कराई जाएगी।
संस्था का उद्देश्य है कि पर्व-त्योहारों की खुशियां समाज के हर वर्ग तक पहुंचे और सेवा के माध्यम से अधिक से अधिक लोगों को लाभान्वित किया जा सके। मौके पर संरक्षक चंद्र प्रकाश जैन,उपाध्यक्ष विकास तिवारी,सचिव रितेश खण्डेलवाल,कोषाध्यक्ष गुंजन मद्धेशिया,संस्था के मार्गदर्शक विकास केसरी,कार्यकारिणी सदस्य राजेश जैन,सनी देव,सेजल सिंह,सनी सलूजा,वर्षा डे,हनी राज सहित कई लोग मौजूद रहें



