प्रधान गुरद्वारा मे धूमधाम से मनाया गया गुरु ग्रंथ साहिब का प्रकाश पर्व भव्य लंगर का हुआ आयोजन, काफी संख्या में श्रद्धालुओं ने लिया हिस्सा
सिख समुदाय के पवित्र ग्रन्थ गुरु ग्रंथ साहिब का प्रकाश पर्व रविवार को स्टेशन रोड स्थित प्रधान गुरुद्वारा मे धूमधाम से मनाया गया।

“सब सिक्खन को हुकम है गुरु मान्यो ग्रंथ……
प्रधान गुरद्वारा मे धूमधाम से मनाया गया गुरु ग्रंथ साहिब का प्रकाश पर्व
भव्य लंगर का हुआ आयोजन, काफी संख्या में श्रद्धालुओं ने लिया हिस्सा
गिरिडीह, मनोज कुमार।
गिरिडीह : सिख समुदाय के पवित्र ग्रन्थ गुरु ग्रंथ साहिब का प्रकाश पर्व रविवार को स्टेशन रोड स्थित प्रधान गुरुद्वारा मे धूमधाम से मनाया गया। इस दौरान बड़ी संख्या मे सिख समुदाय के महिला पुरुष व बच्चे शामिल हुए। बीते 48 घंटे से चल रहे अखंड पाठ का समापन प्रकाश पर्व के दिन आज हुआ।

इस दौरान अंबाला के रागी जत्था भाई सतनाम सिंह और उनकी टीम द्वारा कई शब्द कीर्तन प्रस्तुत किए गए । “सब सिक्खन को हुकम है गुरु मान्यो ग्रंथ समेत कई शब्द कीर्तन प्रस्तुत किए गए। मौक़े पर प्रधान गुरुद्वारा के प्रधान सेवक गुणवंत सिंह मोंगिया ने कहा कि आज पूरे देश मे उत्साह मे साथ गुरु ग्रंथ साहिब का प्रकाश पर्व मनाया जा रहा है।

गुरु कि वाणी मे ही अच्छे विचारों के साथ चलने का भी मार्ग है। ऐसे मे गुरु ग्रंथ साहब पूरे मानव समाज के लिए महत्वपूर्व हो जाते है। उन्होंने कहा की ग्रंथ को गुरु अर्जन देव द्वारा संकलित किया गया था और गुरु गोबिंद सिंह ने इसे अंतिम गुरु घोषित किया था, जिसके बाद कोई और मानव गुरु नहीं रहा। यह ग्रंथ 1,430 पन्नों का है और इसमें लगभग 5,894 शबद (भजन) हैं, जो गुरुमुखी लिपि में लिखे गए है।

इस दौरान गुरुद्वारा में लंगर का आयोजन किया गया जिसमें अन्य समाज के लोगों ने भी हिस्सा लिया। मौके पर पूर्व प्रधान सेवक अमरजीत सिंह सलूजा, सतविदंर सिंह सलूजा, हरेंद्र सिंह मोंगिया, चरणजीत सिंह सलूजा, भूपेंद सिंह दुआ, गुरदीप सिंह बग्गा, राजेंद्र सिंह बग्गा, नरेंद्र सिंह, सरबजीत सिंह, ऋषि चावला, अजिंद्र सिंह चावला, शैंकी टुटेजा, समेत काफी संख्या मे सिख समाज के अलावा अन्य समुदाय के लोगों ने भी शिरकत की।




