जर्जर छत होने के कारण मंगलवार को सेल केयर दुकान संख्या 21 का छत का प्लास्टर भराभरा कर गिर पड़ा
मुगमा मोड़ स्थित जिला परिषद की दुकानों व विवाह मंडप का रख रखाव नहीं होने के कारण मंडप का सिलिंग व दुकानों का छत जर्जर हो चुका है

जर्जर छत होने के कारण मंगलवार को सेल केयर दुकान संख्या 21 का छत का प्लास्टर भराभरा कर गिर पड़ा
निरसा : बीते 15 वर्षों से मुगमा मोड़ स्थित जिला परिषद की दुकानों व विवाह मंडप का रख रखाव नहीं होने के कारण मंडप का सिलिंग व दुकानों का छत जर्जर हो चुका है। जर्जर छत होने के कारण मंगलवार को सेल केयर दुकान संख्या 21 का छत का प्लास्टर भराभरा कर गिर पड़ा।

संयोग था कि दुकान मालिक आशीष कुमार दास उर्फ पिंटू दुकान के अंदर काम कर रहा था। वह बाल बाल बच गया। दुकान मालिक ने बताया कि मंगलवार की दस बजे दुकान खोलकर काम कर रहा था। इतने में आवाज देेते हुए दुकान का प्लास्टर गिरा। मैंने आवाज सुनकर दुकान से दौड़कर भाग निकला। अन्यथा बड़ी घटना घट सकती थी।

उन्होंने बताया कि दुकान का भाड़ा समय पर जिला परिषद कार्यालय में जमा किया जाता रहा है। उसके बाद भी दुकानों का रख रखाव सही तरीके से नहीं किया जा रहा है। वहीं छत के गिरने से हजारों रुपये की सामग्री की क्षति हुई है। जिसका नतीजा है कि जिला परिषद की अधिकतर दुकानों का छत कमजोर हो गया है। इस मामले पर जिला परिषद सदस्य बादलचंद्र बाउरी ने बताया कि मुगमा मोड़ पर जिला परिषद की 29 दुकानें बनाई गई है।

जिसका भाड़ा दुकानदारों द्वारा समय पर भुगतान किया जाता रहा है। उसके बावजूद उसका रख रखाव ठीक से नहीं किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि जिला परिषद बाेर्ड की बैठक में बीते तीन मई 25 को मुगमा मोड़ में बने विवाह मंडप व दुकानों की मरम्मती एवं जीर्णोद्वार करने की प्रतिवेदन दिया था। इसके बावजूद इस पर कोई सकारात्मक कदम नहीं उठाया गया। जबकि जिप अध्यक्ष शारदा सिंह ने जांच कराने की बात कही थी। परंतु अब तक जांच नहीं हो पाई है। समय रहते विवाह मंडप व दुकानों की मरम्मती नहीं कराई गई तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। जिसकी जवाबदेही जिला परिषद के अधिकारियों की होगी




